जुड़िये ऑपरेशन शुद्धि से : सुशील अग्रवाल
शब्दवाणी सम्माचार टीवी, बुधवार 18 फरवरी 2026, (प्रबंध सम्पादकीय श्री अशोक लालवानी 8803818844), नई दिल्ली। देश में बढ़ते प्लास्टिक कचरे को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए उद्योगपति एवं समाजसेवी सुशील अग्रवाल ने ऑपरेशन शुद्धि नामक राष्ट्रीय महाअभियान से जुड़ने की अपील की है। उन्होंने कहा कि कोई भी बड़ा और सकारात्मक परिवर्तन एक यज्ञ के समान होता है जिसके लिए दृढ़ संकल्प, आस्था और सामूहिक भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में भारत में प्रतिदिन लगभग 26,000 टन प्लास्टिक कचरा उत्पन्न हो रहा है, जो भविष्य में बढ़कर 1 लाख टन प्रतिदिन तक पहुंच सकता है। यह कचरा नालियों, नदियों, पहाड़ों और समुद्रों तक पहुंचकर पर्यावरण एवं जीव-जंतुओं के लिए घातक साबित हो रहा है। श्री अग्रवाल ने कहा कि प्लास्टिक को केवल प्रतिबंधित करने की बात पर्याप्त नहीं है बल्कि इसके व्यवस्थित संग्रहण (कलेक्शन) और वैज्ञानिक रीसाइक्लिंग की सुदृढ़ व्यवस्था विकसित करना समय की मांग है। उन्होंने प्लास्टिक प्रदूषण को एक नेशनल डिजास्टर की तरह लेने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि जिस प्रकार कोविड-19 के समय देश सजग हुआ था, उसी प्रकार प्लास्टिक कचरे के प्रति भी व्यापक जागरूकता और सक्रिय भागीदारी जरूरी है।
ऑपरेशन शुद्धि” का उद्देश्य देशभर में फैले प्लास्टिक कचरे को संगठित रूप से एकत्रित कर उसे रीसाइकिल कर पुनः उपयोग योग्य बनाना है। इस अभियान के तहत प्लास्टिक कचरे का बड़े स्तर पर संग्रहण और प्रोसेसिंग, वर्जिन प्लास्टिक (₹125 प्रति किलो तक) के स्थान पर 50% तक रीसाइकिल्ड सामग्री का उपयोग, उत्पादन लागत में कमी और कार्बन क्रेडिट का लाभ, क्रूड आयात पर निर्भरता में कमी से विदेशी मुद्रा की बचत, लगभग 5 लाख लोगों के लिए रोजगार सृजन, 50,000 करोड़ रुपये तक की आर्थिक गतिविधि का लक्ष्य श्री अग्रवाल ने आगे कहा कि यह मिशन केवल पर्यावरण संरक्षण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह देश की आर्थिक प्रगति, रोजगार सृजन और सतत विकास की दिशा में एक बड़ा कदम है। श्री अग्रवाल ने समाज के सभी वर्गों फ्रीलांसर, एनजीओ, उद्योगपति, थॉट लीडर्स, जनप्रतिनिधि, सेलिब्रिटी एवं सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स से इस अभियान को समर्थन देने, प्रचार-प्रसार करने और जन-जागरूकता बढ़ाने की अपील की। उन्होंने कहा यदि हम आज सजग नहीं होंगे, तो इसका दुष्प्रभाव आने वाली पीढ़ियों को भुगतना पड़ेगा। आइए, हम सब मिलकर एक स्वच्छ, सुरक्षित और सतत भारत के निर्माण का संकल्प लें और ऑपरेशन शुद्धि का हिस्सा बनें।




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