शब्दवाणी सम्माचार टीवी, मंगलवार 22 सितम्बर 2026, (प्रबंध सम्पादकीय श्री अशोक लालवानी 8803818844), नई दिल्ली। सुपरनैचुरल फैंटेसी फिल्म वन का बहुप्रतीक्षित ठुमका गाना लॉन्च होते ही चर्चा का विषय बन गया है। भारतीय फोकलोर, रहस्य और अलौकिक शक्तियों के अनोखे संगम को पेश करती यह फिल्म दर्शकों को एक ऐसी दुनिया में ले जाती है, जिसे पहले कभी इस अंदाज़ में नहीं देखा गया। दिल्ली के होटल दी मेरिडियन में आयोजित भव्य प्रेस कॉन्फ्रेंस में फिल्म की स्टारकास्ट और मेकर्स ने मीडिया से बातचीत की। इस मौके पर अभिनेता सिद्धार्थ मल्होत्रा और तमन्ना भाटिया निर्देशक दीपक मिश्रा और लेखक-अर्णव कुमार मौजूद रहे। इवेंट के दौरान फिल्म का नया गाना ठुमक ठुमक भी लॉन्च किया गया, जिसे मीडिया और उपस्थित मेहमानों ने बेहद पसंद किया। फिल्म वन हमें उस रहस्यमयी दुनिया की झलक दिखाता है, जहां सदियों पुरानी मान्यताएं और सुपरनैचुरल शक्तियां आपस में टकराती हैं। यह फिल्म पारंपरिक हॉरर या पौराणिक प्रस्तुति से हटकर भारतीय लोककथाओं को एक नए और मॉडर्न सिनेमाई रूप में पेश करती है। फिल्म में पहली बार साथ नजर आ रही सिद्धार्थ मल्होत्रा और तमन्ना भाटिया की जोड़ी एक मजबूत इमोशनल कनेक्शन के साथ कहानी को आगे बढ़ाती है। ट्रेलर में रहस्यमयी जंगल, छिपे हुए राज, दमदार एक्शन, रोमांच और शानदार विजुअल्स देखने को मिलते हैं, जो इसे एक ग्रैंड सिनेमैटिक अनुभव बनाते हैं। वन को बालाजी मोशन पिक्चर्स, बालाजी टेलीफिल्म्स लिमिटेड टीवीएफ और 11.11 प्रोडक्शन के साथ मिलकर प्रस्तुत किया गया है। फिल्म की कहानी अरुणाभ कुमार ने लिखी है, जबकि निर्देशन दीपक मिश्रा ने किया है। शोभा कपूर, एकता आर कपूर, अरुणाभ कुमार और नीरज कोठारी ने किया है। भारतीय सिनेमा में फोकलोर और फैंटेसी को इस तरह बड़े पैमाने पर प्रस्तुत करने की कोशिश कम ही देखने को मिली है। ‘वन’ इसी कमी को पूरा करने का प्रयास करती है, जहां रहस्य, रोमांच, एक्शन, हास्य और रोमांस का संतुलित मिश्रण दर्शकों को एक नए सिनेमाई अनुभव से जोड़ता है। फिल्म 25 सितंबर 2026 को देशभर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी और इसे खास तौर पर बड़े पर्दे के अनुभव के लिए तैयार किया गया है। वन दर्शकों को एक अनदेखी, रहस्यमयी और रोमांचक दुनिया की यात्रा पर ले जाने का वादा करती है।
असंगठित श्रमिकों के अधिकारों पर राष्ट्रीय मंथन
शब्दवाणी सम्माचार टीवी , वीरवार 9 अप्रैल 2026, ( प्रबंध सम्पादकीय श्री अशोक लालवानी 8803818844), नई दिल्ली। असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के अधिकारों, सामाजिक सुरक्षा और नीतिगत चुनौतियों पर केंद्रित एक राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन 'कांस्टीट्यूशन क्लब ऑफ इंडिया' में भारतीय रेलवे माल गोदाम श्रमिक संघ (बीआरएमजीएसयू) द्वारा किया गया। सम्मेलन में अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन (आईएलओ), राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) और श्रम मंत्रालय के प्रतिनिधियों सहित श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के लेबर वेलफेयर असिस्टेंट श्री संदीप चौरसिया, एटीएसईसी के श्री संजय कुमार मिश्रा और विश्वजीत घोष जैसे प्रमुख वक्ताओं ने भाग लिया। इन विशेषज्ञों ने श्रमिकों की स्थिति, नीतिगत सुधारों और जमीनी वास्तविकताओं पर व्यापक चर्चा की। सम्मेलन को संबोधित करते हुए आईएलओ के मुख्य तकनीकी अधिकारी जियोवानी सोलेदाद ने कहा कि असंगठित क्षेत्र के श्रमिक अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं, लेकिन वे अब भी औपचारिक मान्यता और संस्थागत सुरक्षा से वंचित हैं। उन्होंने कहा कि प्रतिनिधित्व की कमी और सामूहिक सौदेबाजी के अभाव के कारण ये श्रमिक ...

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